देश के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू के जन्मदिवस को बाल दिवस के रूप में मनाया जाता है। वे बच्चों से बहुत प्यार करते थे। बच्चे उन्हें चाचा कहकर बुलाते थे। नेहरू के निधन के बाद से 14 नवंबर को बाल दिवस मनाते हुए आज 55 साल हो चुके हैं। इस मौके पर दैनिक भास्कर APP ने जेएनयू के पूर्व प्रोफेसर पद्मश्री पुष्पेश पंत, वर्ल्ड लॉफ्टर योग के संस्थापक डॉ मदन कटारिया और पंजाब यूनिवर्सिटी के हिस्ट्री के प्रोफेसर राजीव लोचन से बात कर जाना कि पंडित नेहरू के निधन के बाद 1964 में मना बाल दिवस कैसा था? उस दौर में क्या होता था? इनके सबके साथ ही जानिए उस दौर के कुछ दिलचस्प किस्से भी
नेहरू के निधन के बाद बाल दिवस मना तो देश में मायूसी थी; उस दौर की साक्षी 3 हस्तियों ने बताए किस्से